वाशिंगटन (अमेरिका)। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि यूक्रेन संघर्ष को समाप्त करने के लिए चल रही संवेदनशील बातचीत के बीच अमेरिका रूस पर नए प्रतिबंध लगाने या तनाव बढ़ाने वाले कदम उठाने से बच रहा है। उन्होंने दावा किया कि दोनों पक्ष समझौते के उतने करीब हैं, जितने पहले कभी नहीं रहे। ट्रंप के मुताबिक, बातचीत के इस नाजुक दौर में कोई ऐसा कदम नहीं उठाया जाना चाहिए, जिससे शांति की कोशिशों को नुकसान पहुंचे।
ट्रंप ने कहा कि जब किसी समझौते की संभावना मजबूत हो और बातचीत निर्णायक चरण में हो, तब नए प्रतिबंध लगाने से बचना चाहिए। उन्होंने रूस के खिलाफ और सख्त कार्रवाई करने की मांगों को स्वीकार नहीं करने के पीछे भी यही तर्क दिया। उनका कहना था कि ऐसे कदम बातचीत की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं और समझौते की संभावनाओं को कमजोर कर सकते हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने अमेरिकी नागरिक स्टीफन हबर्ड की रिहाई का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि रूस के खिलाफ अतिरिक्त कदम उठाने से ऐसी परिस्थितियां पैदा हो सकती थीं, जिनसे हबर्ड की रिहाई प्रभावित होती। हबर्ड को रूस में यूक्रेनी सैनिकों के साथ जुड़कर रूसी सेना के खिलाफ लड़ने के मामले में दोषी ठहराया गया था। बाद में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने मानवीय आधार पर उनकी रिहाई को मंजूरी दी थी।
ट्रंप ने कहा कि वह किसी भी ऐसे फैसले से बचना चाहते हैं, जिससे पहले से चल रही कूटनीतिक कोशिशों को झटका लगे। उनके अनुसार, युद्ध समाप्त करने की दिशा में प्रगति की संभावना को देखते हुए सावधानी बरतना जरूरी है।
राष्ट्रपति ट्रंप ने यूक्रेन में इस्तेमाल होने वाली स्टारलिंक और स्टारशील्ड सेवाओं पर हाल में लगाए गए प्रतिबंधों के संबंध में भी अपनी भूमिका से इनकार किया। उन्होंने कहा कि इन प्रतिबंधों को लागू करने के फैसले में उनका कोई हाथ नहीं था।
इन प्रतिबंधों के कारण यूक्रेन के ड्रोन अभियानों पर असर पड़ने और कुछ मिशनों को रद्द किए जाने की खबरें सामने आई थीं। जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या इन प्रतिबंधों के पीछे एलन मस्क की भूमिका थी, तो उन्होंने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है और वह नहीं जानते कि यह फैसला किसने लिया।
ट्रंप के बयान से संकेत मिलता है कि उनका प्रशासन फिलहाल रूस-यूक्रेन संघर्ष के समाधान के लिए कूटनीतिक प्रयासों को प्राथमिकता देना चाहता है। हालांकि, दोनों पक्षों के बीच किसी समझौते की शर्तों या उसे अंतिम रूप दिए जाने को लेकर कोई विस्तृत जानकारी इस बयान में सामने नहीं आई है।







