न्यूयॉर्क: वेनेजुएला के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के वकीलों ने अमेरिकी अदालत से उनके खिलाफ मादक पदार्थ तस्करी और नार्को-टेररिज्म से जुड़े आरोपों को खारिज करने की मांग की है। बचाव पक्ष का कहना है कि अमेरिकी अदालत के पास मादुरो के खिलाफ मुकदमा चलाने का अधिकार क्षेत्र नहीं है और राष्ट्राध्यक्ष के तौर पर उन्हें कानूनी प्रतिरक्षा प्राप्त है।
आरआईए नोवोस्ती के हाथ लगे अदालत में दाखिल दस्तावेज के अनुसार, मादुरो के वकीलों ने तर्क दिया है कि अभियोग को खारिज किया जाना चाहिए, क्योंकि अमेरिकी अदालत को इस मामले की सुनवाई का अधिकार नहीं है। वकीलों ने यह भी कहा कि मादुरो को राष्ट्राध्यक्ष के रूप में प्रतिरक्षा हासिल है और आधिकारिक पद पर रहते हुए किए गए कार्यों पर भी उन्हें संरक्षण प्राप्त है।
मामला उस समय सुर्खियों में आया जब अमेरिका ने वेनेजुएला की राजधानी कराकास में सैन्य कार्रवाई के बाद मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को हिरासत में लेकर अमेरिका लाए जाने का दावा किया। इसके बाद से दोनों ब्रुकलिन में हिरासत में हैं और मादुरो के खिलाफ अमेरिका में कथित तौर पर बड़ी मात्रा में कोकीन की तस्करी तथा नार्को-टेररिज्म की साजिश से जुड़े गंभीर आरोप हैं।
अमेरिकी अभियोजन पक्ष को बचाव पक्ष की याचिका पर 2 अक्टूबर तक जवाब दाखिल करना है। याचिका पर सुनवाई 17 नवंबर को निर्धारित की गई है। यदि अदालत मामले को खारिज नहीं करती है, तो मादुरो के खिलाफ मुकदमे की शुरुआत 1 जून 2027 से होने की संभावना है।
मादुरो के वकीलों की याचिका अब इस मामले में एक अहम कानूनी मोड़ मानी जा रही है। अदालत को यह तय करना होगा कि पूर्व वेनेजुएला राष्ट्रपति को प्राप्त कथित राष्ट्राध्यक्षीय प्रतिरक्षा और अमेरिकी न्यायालय के अधिकार क्षेत्र से जुड़े उनके तर्कों को किस हद तक स्वीकार किया जा सकता है।







