बेरूत। यमन के उत्तरी हिस्से पर नियंत्रण रखने वाले अंसार अल्लाह आंदोलन, जिसे हूती के नाम से भी जाना जाता है, ने सऊदी अरब पर पिछले 24 घंटों के दौरान यमन में 106 हवाई और मिसाइल हमले करने का आरोप लगाया है। हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सरी ने यह दावा सोशल मीडिया मंच टेलीग्राम पर किया।
याह्या सरी के मुताबिक, सऊदी लड़ाकू विमानों ने यमन की राजधानी सना के अलावा अल-जौफ, ताइज़, अमरान, हज्जा और सादा प्रांतों में हूती नियंत्रण वाले इलाकों को निशाना बनाया। उन्होंने आरोप लगाया कि इन हमलों में आम नागरिकों से जुड़े ठिकानों को भी निशाना बनाया गया। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
हूती सैन्य प्रवक्ता ने दावा किया कि हमलों में एफ-15 और टाइफून लड़ाकू विमानों का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि सऊदी अरब की ओर से किए गए हवाई हमले यमन के उन क्षेत्रों में हुए, जो वर्तमान में हूती आंदोलन के नियंत्रण में हैं।
यमन में लंबे समय से जारी संघर्ष के बीच सामने आए इस दावे से क्षेत्रीय तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। देश में सत्ता और क्षेत्रीय नियंत्रण को लेकर अलग-अलग पक्षों के बीच संघर्ष जारी रहा है। उत्तरी यमन के बड़े हिस्से पर हूती आंदोलन का प्रभाव है, जबकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त यमनी सरकार देश के अन्य हिस्सों में अपनी स्थिति मजबूत करने का प्रयास कर रही है।
इससे पहले यमन की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सरकार से जुड़ी सेनाओं ने उन क्षेत्रों को वापस लेने के लिए सैन्य अभियान शुरू करने की घोषणा की, जो अभी सरकार के नियंत्रण से बाहर हैं। इस घटनाक्रम के बाद यमन में सैन्य गतिविधियां बढ़ने की स्थिति बनी हुई है।
यमन में संघर्ष का असर लंबे समय से नागरिक आबादी पर पड़ता रहा है। ऐसे में ताजा सैन्य गतिविधियों और हवाई हमलों के दावों के बीच क्षेत्र में तनाव को लेकर चिंता बनी हुई है। फिलहाल सऊदी अरब की ओर से हूती सैन्य प्रवक्ता द्वारा लगाए गए 106 हमलों के आरोप पर कोई स्वतंत्र पुष्टि या विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।







