अंतराष्ट्रीय: स्पेन और इराक ने आतंकवाद से निपटने की क्षमता को मजबूत करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण रणनीतिक समझौता किया है। स्पेन के रक्षा मंत्रालय ने बुधवार को बताया कि स्पेनिश रक्षा मंत्रालय और इराकी आतंकवाद विरोधी सेवा (सीटीएस) के बीच आतंकवाद विरोधी प्रशिक्षण को लेकर समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस पहल को क्षेत्रीय स्थिरता और वैश्विक सुरक्षा की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
मंत्रालय के बयान के अनुसार यह समझौता सितंबर 2026 तक ऑपरेशन इनहेरेंट रिजॉल्व के तहत इराकी सुरक्षा बलों को प्रशिक्षण और परामर्श देने में स्पेन की निरंतर भागीदारी सुनिश्चित करेगा। यह अभियान इस्लामिक स्टेट (आईएस/आईएसआईएस) जैसे आतंकी संगठनों के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय गठबंधन का हिस्सा है। समझौते से इराक में तैनात स्पेनिश सैनिकों की गतिविधियों को कानूनी निश्चितता मिलेगी और दोनों देशों के सुरक्षा सहयोग को संस्थागत रूप दिया जाएगा।
स्पेन सरकार ने कहा कि यह समझौता अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा के लिए इराक के रणनीतिक महत्व को रेखांकित करता है। इराक पिछले कई वर्षों से आतंकवाद और चरमपंथ की चुनौती से जूझ रहा है, ऐसे में उसकी सुरक्षा एजेंसियों की क्षमता बढ़ाना पूरे क्षेत्र की शांति के लिए आवश्यक है। स्पेन इस दिशा में तकनीकी विशेषज्ञता, आधुनिक प्रशिक्षण और रणनीतिक परामर्श उपलब्ध कराएगा।
विश्लेषकों का मानना है कि इस समझौते से इराकी सुरक्षा बलों की पेशेवर दक्षता में वृद्धि होगी और आतंकवादी नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई अधिक प्रभावी बन सकेगी। स्पेन पहले से ही नाटो और अन्य अंतरराष्ट्रीय अभियानों के माध्यम से इराक में सक्रिय भूमिका निभाता रहा है।
मंत्रालय ने यह भी कहा कि यह कदम इराकी राज्य संस्थानों के प्रति स्पेन के दीर्घकालिक समर्थन और साझेदारी की भावना को दर्शाता है। दोनों देशों ने भरोसा जताया कि यह सहयोग आतंकवाद के खिलाफ वैश्विक लड़ाई को नई मजबूती देगा और पश्चिम एशिया में स्थायी शांति स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगा।







