पटना। बिहार में विधान परिषद की आठ सीटों के लिए सुबह से मतदान जारी है। चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में हो रहे इस चुनाव को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। निष्पक्ष, पारदर्शी और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए व्यापक सुरक्षा एवं प्रशासनिक व्यवस्था की गई है। वहीं, निर्वाचन आयोग के राज्य मुख्यालय से मतदान प्रक्रिया की लगातार निगरानी की जा रही है।
इस चुनाव में कुल 150 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। करीब 5 लाख 32 हजार मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। चुनाव को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए पूरे बिहार में 933 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। प्रत्येक मतदान केंद्र पर चार मतदान कर्मियों की तैनाती की गई है। इस प्रकार कुल 3,732 मतदान कर्मी चुनावी प्रक्रिया की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।
933 सेक्टर, 467 जोनल और 311 सुपर जोनल अधिकारी तैनात
मतदान केंद्रों पर व्यवस्था बनाए रखने और चुनावी गतिविधियों की निगरानी के लिए प्रशासन ने अधिकारियों की व्यापक तैनाती की है। इसके तहत 933 सेक्टर ऑफिसर, 467 जोनल ऑफिसर और 311 सुपर जोनल ऑफिसर को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इन अधिकारियों के माध्यम से मतदान केंद्रों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी तरह की समस्या सामने आने पर समय रहते कार्रवाई की जा सके।
चार प्रमंडलों में हो रहा मतदान
विधान परिषद की इन सीटों के लिए दरभंगा, कोसी, पटना और तिरहुत प्रमंडलों के विभिन्न जिलों में मतदान कराया जा रहा है। दरभंगा प्रमंडल के बेगूसराय, दरभंगा, मधुबनी और समस्तीपुर में भी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं।
चुनाव में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के मतदाताओं की भूमिका अहम मानी जा रही है। बड़ी संख्या में उम्मीदवारों के मैदान में होने के कारण मुकाबले को लेकर राजनीतिक और शैक्षणिक हलकों में भी उत्सुकता बनी हुई है।
फिलहाल प्रशासन का पूरा ध्यान मतदान प्रक्रिया को व्यवस्थित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने पर है। मतदान समाप्त होने के बाद अब सभी की नजरें मतदान प्रतिशत और चुनाव परिणामों पर टिकी रहेंगी। इन नतीजों से विधान परिषद की आठ सीटों पर उम्मीदवारों की राजनीतिक स्थिति स्पष्ट होगी।







