वेलिंग्टन। ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की महिला क्रिकेट टीमों के बीच खेली जाने वाली प्रतिष्ठित रोज बाउल सीरीज में अब टी-20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले भी शामिल किए जाएंगे। इस बदलाव के साथ दोनों टीमों के बीच होने वाली यह ऐतिहासिक प्रतिस्पर्धा अब एकदिवसीय और टी-20, दोनों प्रारूपों में खेली जाएगी। रोज बाउल सीरीज का पहला टी-20 संस्करण ऑस्ट्रेलिया में आयोजित होगा, जिसमें न्यूजीलैंड की टीम तीन मुकाबलों के लिए मेजबान टीम से भिड़ेगी।
इस सीरीज की शुरुआत नॉर्थ सिडनी ओवल में होगी। तीनों टी-20 मुकाबले 18, 20 और 22 अक्टूबर को खेले जाएंगे। इसके बाद मार्च 2027 में दोनों टीमें ऑस्ट्रेलिया में तीन एकदिवसीय मैचों की सीरीज में आमने-सामने होंगी। इस तरह दोनों प्रारूपों के मुकाबले मिलकर रोज बाउल ट्रॉफी के विजेता का फैसला करेंगे।
वर्ष 1985 से ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की महिला टीमों के बीच खेली जा रही एकदिवसीय सीरीज के विजेता को रोज बाउल ट्रॉफी दी जाती रही है। नए प्रारूप के तहत ट्रॉफी उस टीम को मिलेगी, जो एकदिवसीय और टी-20 मुकाबलों को मिलाकर सबसे अधिक मैच जीतेगी। यदि दोनों टीमों के बीच कुल जीत का आंकड़ा बराबर रहता है, तो ट्रॉफी मौजूदा विजेता के पास बनी रहेगी।
न्यूजीलैंड क्रिकेट की चीफ क्रिकेट ऑपरेशंस ऑफिसर और पूर्व खिलाड़ी कैथरीन कैंपबेल ने इस बदलाव को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि रोज बाउल मौजूदा और पूर्व खिलाड़ियों के लिए बेहद प्रतिष्ठित ट्रॉफी है। टी-20 क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए इसमें इस प्रारूप को शामिल करना सीरीज को प्रासंगिक बनाए रखने और ऑस्ट्रेलिया के साथ ऐतिहासिक संबंधों को मजबूत करने का अच्छा अवसर है।
न्यूजीलैंड की कप्तान मेली केर ने भी रोज बाउल के लिए खेलने को लेकर उत्साह जताया। उन्होंने कहा कि यह ट्रॉफी न्यूजीलैंड की महिला क्रिकेट टीम ‘व्हाइट फर्न्स’ के इतिहास का महत्वपूर्ण हिस्सा है। टीम इस विरासत को आगे बढ़ाने और ट्रॉफी जीतने के लिए पूरी तरह तैयार है।
रोज बाउल में ऑस्ट्रेलिया का अब तक दबदबा रहा है। वर्ष 2000 में न्यूजीलैंड से ट्रॉफी वापस हासिल करने के बाद ऑस्ट्रेलियाई टीम लगातार इस पर अपना कब्जा बनाए हुए है। दोनों टीमों के बीच यह बदलाव महिला क्रिकेट में पारंपरिक प्रतिद्वंद्विता को नया आयाम दे सकता है।







