सासाराम में एसपी का जनता दरबार, फरियादियों की समस्याओं पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश
SP holds public grievance hearing in Sasaram; instructions issued for immediate action on complainants' issues.

सासाराम (रोहतास): आम लोगों की शिकायतों को सुनने और उनका त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सासाराम में पुलिस अधीक्षक मिस्टर राज द्वारा नियमित जनता दरबार लगाया जा रहा है। इस पहल के तहत फरियादी सीधे एसपी के समक्ष अपनी समस्याएं रख रहे हैं। जनता दरबार में संबंधित पुलिस पदाधिकारियों को शिकायतों की निष्पक्ष जांच कर निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया जा रहा है।

एसपी मिस्टर राज की इस पहल को लेकर करगहर से जदयू विधायक वशिष्ठ सिंह ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। जनता दरबार में पहुंचे विधायक ने एसपी से मुलाकात कर क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की। उन्होंने पुलिस और आम जनता के बीच सीधे संवाद की व्यवस्था को उपयोगी बताते हुए इसकी सराहना की।

GNSU Admission Open 2026

ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को मिल रही सुविधा

विधायक वशिष्ठ सिंह ने कहा कि एसपी द्वारा स्वयं जनता दरबार में बैठकर लोगों की शिकायतें सुनने से पुलिस और जनता के बीच संवाद बढ़ेगा। उन्होंने बताया कि शिवसागर, चेनारी, करगहर सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों के लोगों को अपनी शिकायतों के लिए जिला मुख्यालय आना पड़ता है। ऐसे में नियमित सुनवाई की व्यवस्था से लोगों को अपनी समस्याएं सीधे वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तक पहुंचाने में मदद मिल सकती है।

उन्होंने यह भी कहा कि शिकायतों की समय पर सुनवाई और उचित कार्रवाई से आम नागरिकों का पुलिस प्रशासन पर भरोसा मजबूत करने में सहायता मिलेगी।

जमीन विवाद से लेकर मारपीट तक की शिकायतें

जनता दरबार में जमीन विवाद, पारिवारिक कलह, चोरी, मारपीट और लंबित मामलों से संबंधित आवेदन लेकर फरियादी पहुंचे। एसपी ने शिकायतों को गंभीरता से सुना और कई मामलों में संबंधित थानाध्यक्षों को फोन पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

पुलिस अधिकारियों को मामलों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया, ताकि शिकायतकर्ताओं को अनावश्यक रूप से कार्यालयों और थानों के चक्कर न लगाने पड़ें।

पुलिस-जनता संवाद पर जोर

जनता दरबार में पहुंचे लोगों को अपनी समस्याएं सीधे रखने का अवसर मिला। इस तरह की नियमित सुनवाई से शिकायतों की निगरानी, पुलिस की जवाबदेही और आम नागरिकों के साथ संवाद को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।

पुलिस प्रशासन की इस व्यवस्था से लोगों को उम्मीद है कि उनकी शिकायतों पर समयबद्ध कार्रवाई होगी और लंबित मामलों के निष्पादन में तेजी आएगी।