नयी दिल्ली। कांग्रेस के लोकसभा सदस्य शशि थरूर ने एआई पर यहां आयोजित विश्व सम्मेलन को भारत की क्षमताओं का प्रभावशाली प्रदर्शन करार दिया और कहा कि इसमें विश्व के बड़े नेताओं की मौजूदगी एआई यानी कृत्रिम बुद्धिमत्ता को लेकर बड़ा संदेश देने वाली है। उन्होंने राफेल सौदे का भी जिक्र किया और इसे रक्षा क्षेत्र में देश की आत्मनिर्भरता के लिए जरूरी बताते हुए कहा कि इसमें बड़ी बात यह है कि राफेल के कुछ हिस्सों का निर्माण भारत में होना ज्यादा महत्वपूर्ण है।
उनका कहना था कि राफेल मामले में वह सरकार का समर्थन करते हैं। श्री थारूर ने शुक्रवार को यहां भारत मंडपम में पत्रकारों से कहा “एआई सम्मेलन के शुरुआती दिन बेहद सफल रहे हैं। कुछ छोटी-मोटी दिक्कतें आईं, लेकिन बड़े आयोजनों में ऐसा होना आम बात है। विभिन्न मुल्कों के राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और अन्य विश्व नेताओं की मौजूदगी इस आयोजन में अत्यंत प्रभावशाली रही है। सम्मेलन में एआई की विकास यात्रा में दुनिया के नेता एकीकृत विश्व की कल्पना करते हुए एक ऐसा सशक्त संदेश लेकर आए हैं, जहां समाज पर इसके प्रभावों को देखना सर्वोपरि होगा। भारत की इस क्षेत्र में बढ़ती रुचि ने स्पष्ट रूप से इस पहल को गति दी है।
राफेल लड़ाकू विमान सौदे को लेकर एक सवाल पर उन्होंने कहा “जहां तक फ्रांसीसी राफेल की बात है, इसके कुछ हिस्से भारत में निर्मित हो रहे हैं और यह समझौते का एक बहुत महत्वपूर्ण पहलू है क्योंकि यह हमारी रक्षा को मजबूत करने के साथ-साथ रक्षा क्षेत्र में हमारी आत्मनिर्भरता को भी बढ़ाता है। उन्होंने कहा “भारत के लिए रक्षा सौदा इसलिए महत्वपूर्ण नहीं है कि हम युद्ध करना चाहते हैं, बल्कि इसमें महत्वपूर्ण यह है कि हम नहीं चाहते कि कोई हमें कमजोर समझे। यह वास्तव में एक महत्वपूर्ण रक्षात्मक पहल है और मैं इस मामले में सरकार का समर्थन करता हूं।”







