वैशाली: वैशाली जिले के चेहराकला प्रखंड में एक विवाह समारोह उस समय अचानक रुक गया, जब जयमाला के दौरान दुल्हन ने दूल्हे से शादी करने से साफ इनकार कर दिया। दूल्हा बारात और बैंड-बाजे के साथ दुल्हन के दरवाजे तक पहुंचा था, लेकिन विवाह संपन्न हुए बिना ही बारात को लौटना पड़ा। जानकारी के अनुसार, जैसे ही जयमाला का कार्यक्रम शुरू होने वाला था और वर-वधु मंच पर आमने-सामने आए, उसी समय दुल्हन ने दूल्हे की हालत देखकर शादी से इनकार कर दिया।
आरोप है कि दूल्हा शराब के नशे में था। दुल्हन ने मंच पर ही स्पष्ट शब्दों में कहा कि वह इस स्थिति में विवाह नहीं करेगी। दुल्हन के इस फैसले के बाद समारोह में मौजूद लोग धीरे-धीरे लौटने लगे। परिजनों और रिश्तेदारों ने दुल्हन को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह अपने निर्णय पर अडिग रही। अंततः दूल्हा बिना शादी किए ही वापस लौट गया और दुल्हन सजी-संवरी ही रह गई। दुल्हन के इनकार के बाद स्थिति और तनावपूर्ण हो गई। आरोप है कि लड़की पक्ष ने लड़के पक्ष के कुछ स्वजनों को मौके पर ही रोक लिया। इसके बाद दोनों पक्षों और ग्रामीणों के बीच पंचायत चली।
काफी देर तक बातचीत के बाद समाधान की दिशा में सहमति बनी। पंचायत के निर्णय के अनुसार, लड़की पक्ष की ओर से विवाह में दिए गए सभी उपहार स्वरूप सामान लड़के पक्ष को लौटा दिए गए। इसके बाद रोके गए स्वजनों को मुक्त किया गया और मामला शांत हुआ। जानकारी के मुताबिक, यह घटना चेहराकला प्रखंड के कटहरा थाना क्षेत्र के मोहम्मदपुर टोले सेहान गांव की बताई जा रही है, जहां विवाह से पहले अष्टयाम महायज्ञ का आयोजन भी हुआ था। बारात पातेपुर थाना क्षेत्र के रमौली गांव से आई थी। गांव में चर्चा है कि दुल्हन का यह निर्णय साहसिक और सराहनीय माना जा रहा है।







