सासाराम। विषाक्त भोजन कांड मामले को लेकर बुधवार को विरोध प्रदर्शन कर रहे राजद नेता शिवशंकर कुशवाहा, मनोज यादव, सीमा यादव समेत कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को प्रशासन ने हिरासत में ले लिया। हालांकि कुछ देर के बाद उन्हें छोड़ दिया गया। बता दें कि बुधवार की दोपहर सासाराम के महिला बटालियन में विषाक्त खाना खाने के बाद सौ से अधिक महिला ट्रेनी सिपाहियों की हालत बिगड़ गई थी।
शिव शंकर कुशवाहा ने इसको लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाएं। इसी के विरोध में शिव शंकर कुशवाहा ने बुधवार को सीएम नीतीश कुमार के आगमन के दौरान पोस्ट ऑफिस चौराहे पर पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन कर रहें थे। जिन्हें पुलिस ने हिरासत में ले लिया। शिव शंकर कुशवाहा ने आरोप लगाया कि की जीविका मेस के द्वारा घटिया खाना उपलब्ध कराया जाता है। इस घटना को लेकर उन्होंने जांच की मांग किया है। श्री कुशवाहा ने कहा कि, यह केवल महिला पुलिसकर्मियों के स्वास्थ्य का प्रश्न नहीं है, बल्कि यह भ्रष्टाचार के चरम स्तर का उदाहरण है।
जनता की सुरक्षा के लिए खड़े पुलिसकर्मी भी अब इस सरकार की लापरवाही और भ्रष्टाचार के शिकार हो रहे हैं। विपक्ष इस लड़ाई को जनता के बीच ले जाएगा और दोषियों को बचाने की किसी भी कोशिश को उजागर करेगा। उन्होंने मांग किया कि प्रभावित महिला पुलिसकर्मियों को कम-से-कम 1-1 लाख मुआवज़ा दिया जाए। पुतला दहन और धरना प्रदर्शन के मौके पर राजद के वरिष्ठ नेता शिवशंकर सिंह कुशवाहा, मनोज यादव, सीमा यादव, अभय यादव, विनोद कुशवाहा, रामलाल कुमार, भुअर कुशवाहा, सुरेश पासवान, संझा कुमारी, निशा कुमारी, असर समीम (सी.पी.एम.), सैयद अली, ललिता देवी, जरीना खातून, सबनम खातून और अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।







