गया जी: मोक्षधाम नगरी गया जी में 6 सितंबर से 21 सितंबर तक आयोजित होने वाले राजकीय पितृपक्ष मेला की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। पेयजल, आवासन, सफाई और बिजली सहित बुनियादी सुविधाओं को दुरुस्त करने का कार्य युद्धस्तर पर चल रहा है। बुधवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गया समाहरणालय के सभाकक्ष में अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा करेंगे।
डीएम शशांक शुभंकर ने बताया कि देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। इसके लिए कुल 55 पिंडवेदी और तर्पण स्थल तैयार किए गए हैं, जिनमें 45 पिंडवेदी और 9 तर्पण स्थल गया जी में तथा एक पिंडवेदी पटना जिले के पुनपुन घाट में है। पितरों की मुक्ति के लिए गया जी में ब्रह्म सरोवर, रामशिला, वैतरणी, सूर्यकुंड सरोवर, प्रेतशिला, देवघाट, गजाधर घाट, अक्षयवट, सीताकुंड, गयासिर वेदी, फल्गु नदी, गया कूप वेदी और ब्राह्मणी घाट वेदी प्रमुख स्थल हैं।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 64 सरकारी आवासन स्थल बनाए गए हैं, जिनमें 18 हजार तीर्थयात्रियों को निःशुल्क ठहरने की व्यवस्था है। पर्यटन विभाग ने गया जी के गांधी मैदान में टेंट सिटी का निर्माण कराया है, जहां 2500 श्रद्धालुओं के ठहरने और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की व्यवस्था की गई है। साथ ही कम कीमत पर भोजन उपलब्ध कराने के लिए जीविका दीदी भोजनालय शुरू किया जा रहा है।







