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पीएम मोदी के दौरे से पहले चीनी दूतावास ने साझा की भगवान गणेश की तस्वीर, लिखा- ‘हम ये याद रखें…’

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Before PM Modi's visit, the Chinese Embassy shared a picture of Lord Ganesha and wrote- 'Let us remember this...'

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री मोदी शनिवार को जापान से चीन दौरे पर रवाना हो गए। प्रधानमंत्री मोदी के चीन दौरे से पहले भारत स्थित चीनी दूतावास ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा किया है और लिखा है कि भारत और चीन की कला, आस्था और संस्कृतियां साझा रही हैं। भारत स्थित चीनी दूतावास की प्रवक्ता यू जिंग ने ट्वीट किया, ‘चीन के तांग राजवंश और मोगाओ गुफाओं में भगवान गणेश की छवि देखी जा सकती है! यह इस बात का सबूत है कि कैसे सदियों पहले चीन और भारत कला, आस्था और संस्कृति को साझा करते थे।’

प्रधानमंत्री मोदी 31 अगस्त से 1 सितंबर तक चीन की यात्रा पर रहेंगे, जहां वे शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चीन यात्रा बेहद अहम मानी जा रही है क्योंकि यह यात्रा ऐसे समय हो रही है, जब भारत और अमेरिका के बीच टैरिफ को लेकर विवाद जारी है और भारत और चीन अपने संबंधों को सुधारने की पहल कर रहे हैं। भारत और चीन के बीच हजारों साल पुराने सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंध रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि सांस्कृतिक कूटनीति दोनों देशों के बीच विश्वास और सहयोग का महत्वपूर्ण आधार हैं। चीन स्थित भारतीय दूतावास ने भी कहा है कि, ‘भारत और चीन के बीच संपर्कों के लिखित रिकॉर्ड कम से कम दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व के मौजूद हैं, जो आगे चलकर बौद्ध धर्म और व्यापार के माध्यम से और मजबूत हुए।

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पीएम मोदी की आगामी यात्रा न केवल समकालीन मुद्दों पर चर्चा का अवसर देगी, बल्कि दोनों देशों की साझा विरासत को फिर से जीवंत करने का भी मौका प्रदान करेगी।’ चीन में कई ऐतिहासिक स्थल भारत के साथ सांस्कृतिक जुड़ाव के सबूत हैं। चीन के गांसु प्रांत के दुनहुआंग में मोगाओ और हजार बुद्ध गुफाएं, जो 366 ईस्वी से 10वीं शताब्दी तक बनीं, भारतीय बौद्ध कला की याद दिलाती हैं। शिनजियांग की बेजेक्लिक और किजिल गुफाएं, लुयांग की लोंगमेन गुफाएं, दात्सु की बाओदिंग गुफाएं और दातोंग की युंगांग गुफाओं में भी भारतीय प्रभाव दिखता है। बीजिंग का फाइव पगोडा मंदिर, बोधगया मंदिर की शैली में बना है, और लुयांग का व्हाइट हॉर्स मंदिर, दोनों देशों के बीच ऐतिहासिक जुड़ाव का प्रतीक हैं।



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