
पटना: राष्ट्रीय जनता दल के नेता और महागठबंधन के सीएम फेस तेजस्वी यादव सोशल मीडिया पर ट्रोल किए जा रहे हैं। तेजस्वी यादव ने शनिवार दोपहर डेढ़ बजे आननफानन में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मीडिया को यह बताया था कि चुनाव आयोग ने मतदाताओं के विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान उनका नाम भी वोटर लिस्ट से हटा दिया है। उन्होंने पूछा था कि अब वह चुनाव कैसे लड़ पाएंगे? कुछ ही देर बाद आम लोगों ने भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी को सर्च करते हुए वोटर लिस्ट में तेजस्वी यादव की मौजूदगी दिखने वाला प्रमाण सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। भाजपा ने भी इस मुद्दे को हाथोंहाथ लिया।
बिहार के उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बकायदा तस्वीर सहित तेजस्वी यादव का वोटर लिस्ट शेयर किया है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया पर तेजस्वी यादव का नाम मतदाता सूची में दिखाते हुए तस्वीर पोस्ट की। इसके बाद उन्होंने लिखा कि तेजस्वी जी आपकी योग्यता पर मुझे ही नहीं, आपके परिवार और पूरे बिहार को भी शंका है। S.I.R ड्राफ्ट में अपना नाम खोजना आपके लिए बहुत मुश्किल लग रहा होगा। आपका नाम 416 नंबर पर ससम्मान पिताजी के साथ दर्ज है, आप देख सकते हैं। अब तो भ्रामक और फर्जीवाड़े की दुकानदारी बंद कीजिए। राजद का भ्रम और डर दोनों बार-बार बोगस साबित हो रहा है। बता दें कि नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने शनिवार को चुनाव आयोग पर बड़ा आरोप लगाया। उन्होंने मतदाता सूची पुनरीक्षण पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि मेरा नाम मतदाता सूची में नहीं है।
मैं चुनाव कैसे लड़ूंगा? तेजस्वी ने चुनाव के एप को दिखाते हुए कहा कि उनके ईपीआईसी नंबर को सर्च करने पर उनका नाम मतदाता सूची में नहीं आ रहा है। हालांकि, निर्वाचन आयोग ने तुरंत ही तेजस्वी के दावों को सिरे से खारिज कर दिया। चुनाव आयोग ने कहा कि उनका नाम मतदाता सूची प्रारूप में है। आयोग ने एक मतदान केंद्र की सूची जारी की, जिसमें तेजस्वी का नाम 416वें नंबर पर उनकी तस्वीर के साथ मौजूद है। आयोग ने कहा कि हमारे संज्ञान में आया है कि तेजस्वी यादव ने एक बेतुका दावा किया है कि उनका नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में नहीं है। उनका नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में क्रमांक 416 पर दर्ज है। इसलिए राजद नेता का दावा झूठा और तथ्यात्मक रूप से गलत है।






