वैशाली: बिहार के वैशाली जिले के लोमा गांव निवासी एक युवक की मलेशिया में संदिग्ध हालात में मौत हो गई है। जैसे ही यह खबर भारत पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया और पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। मृतक की पहचान वैशाली जिले के तिसीऔता थाना क्षेत्र के लोमा गांव निवासी स्वर्गीय सुबोध मिश्रा के 28 वर्षीय पुत्र सुमन कुमार के रूप में हुई है। बताया गया कि सुमन मलेशिया के मिरी शहर स्थित शिनयांग सिटिंग एंड कंपनी में नाविक के पद पर कार्यरत था।
वह अक्टूबर 2023 में नौकरी के सिलसिले में मलेशिया गया था। नौकरी पर जाने से पहले सुमन ने पटना और लखनऊ में प्रशिक्षण प्राप्त किया था, जिसके बाद उसे पहली पोस्टिंग मलेशिया में मिली थी। मृतक के बड़े भाई रमन कुमार मिश्रा ने आरोप लगाया है कि सुमन ने जहाज पर हो रहे कुछ गलत कार्यों का विरोध किया था, जिसके बाद उसकी हत्या कर दी गई। रमन कुमार के अनुसार, शव पर चोट के निशान भी हैं और जहाज पर काम करने वाले अन्य लोगों ने इस बारे में उन्हें जानकारी दी है। परिजनों का कहना है कि अभी तक न तो किसी सरकारी अधिकारी और न ही किसी जनप्रतिनिधि ने उनसे संपर्क किया है। जब उन्होंने स्थानीय थाना से मदद की गुहार लगाई, तो पुलिस अधिकारियों ने इसे अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर बताकर असमर्थता जता दी।
परिवार ने आशंका जताई है कि यह केवल एक हादसा नहीं, बल्कि एक साजिशन हत्या है। बताया गया है कि दो दिनों के भीतर सुमन का शव मलेशिया से गांव पहुंच सकता है। मृतक सुमन कुमार परिवार के आर्थिक आधार थे। परिवार की माली हालत ठीक नहीं होने के कारण उन्हें विदेश भेजा गया था। पटना और लखनऊ में प्रशिक्षण के बाद पूरे परिवार को उन पर उम्मीद थी। उनकी अचानक हुई संदिग्ध मौत से गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। परिवार न्याय की गुहार लगा रहा है और सरकार से मदद की मांग कर रहा है।







